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मंगलवार, 17 सितंबर 2013

इतिहास पूरा सच नहीं बताएगा


इतिहास बताता है
क्या हुआ था
कैसे हुआ था
कयों हुआ था
जय पराजय की गाथा
मनुष्य की ऊंचाइयों
नीचता की बातें
इतिहासकार
जितना भी बताना
चाहता है
उतना ही तो पता
चलता है
इतिहासकार की
इमानदारी का
कहाँ पता चलता
प्रश्न चिन्ह तो
खडा कर सकता है
पर प्रश्न नहीं
पूछ सकता
इंसान जो भी पढता है
स्वीकारता है
झूठ को भी सच
मान लेता है
मेरे जाने के बाद
मेरा भी इतिहास
पूरा सच नहीं बताएगा
बतानेवाला जितना 
बताना चाहता है
संसार को
उतना ही पता चलेगा
डा.राजेंद्र तेला,निरंतर
37-281-17-09-2013
इतिहास,इतिहासकार,सच,झूठ,जीवन,मंतव्य

डा.राजेंद्र तेला,निरंतर

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