ADVERTISEMENT

Bookmark and Share

Register To Recieve Latest Poems On Your Email or Mobile

Enter your email address:

Click Here To Subscribe On Mobile Bookmark and Share

मंगलवार, 26 फ़रवरी 2013

जब तक बदलेंगे नहीं पुरुष



 कुचली जायेंगी 
नौची जायेंगी 
जलाई जाती रहेंगी
नारियां 
मोमबत्तियां जलाई 
जायंगी
मोमबत्तियां बुझ 
भी जायेंगी
तस्वीर पर फूल
चढ़ाए जायेंगे 
फूल मुरझा भी जायेंगे
सैकड़ों सालों से
नहीं बदली है स्थिति 
सैकड़ों सालो तक
नहीं बदलेगी स्थिति 
जब तक बदलेंगे नहीं
पुरुष मानसिकता अपनी 
मानेंगे नहीं नारी को देवी
देखेंगे नहीं नारी में 
अपनी माँ,बहन,बेटी
977-94-30-12-2012
नारी,स्त्री,माँ,बहन बेटी ,औरत,

3 टिप्‍पणियां:

  1. BlogVarta.com पहला हिंदी ब्लोग्गेर्स का मंच है जो ब्लॉग एग्रेगेटर के साथ साथ हिंदी कम्युनिटी वेबसाइट भी है! आज ही सदस्य बनें और अपना ब्लॉग जोड़ें!

    धन्यवाद
    www.blogvarta.com

    उत्तर देंहटाएं
  2. बहतरीन प्रस्तुति बहुत उम्दा ..भाव पूर्ण रचना .. बहुत खूब

    आज की मेरी नई रचना जो आपकी प्रतिक्रिया का इंतजार कर रही है

    ये कैसी मोहब्बत है

    खुशबू

    उत्तर देंहटाएं
  3. बहुत ही सुन्दर और सार्थक प्रस्तुति ...

    आप भी पधारें
    ये रिश्ते ...

    उत्तर देंहटाएं