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गुरुवार, 1 दिसंबर 2011

आसां नहीं किसी अनजान पर यकीन करना


आसां नहीं
किसी अनजान पर
यकीन करना
उसकी
मीठी बातों से
बचना
दिल में छुपी
हकीकत को जानना
सलाम उनको जो
ना जानते हुए भी
हिम्मत से
यकीन कर लेते
निरंतर
अपने खुदा पर
ऐतमाद रखते
दगा के डर से
नए रिश्ते नहीं
बनाते
अनजान से भी
अपनेपन से मिलते
30-11-2011
1829-94-11-11
 (ऐतमाद=Faith,Confidence)

3 टिप्‍पणियां:

  1. यकीन करना आसन नहीं होता मगर अगर यकीन न हो कुछ फलीभूत भी तो नहीं होता...!

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