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शुक्रवार, 17 जून 2011

खुदा को क्या पता चलेगा?

खुदा के दरबार में
निरंतर हाजिरी देते
खुदा के सामने रोते
मांगों की फेहरिश्त रखते
खुद के दरबार में रुलाते
कुछ देना नहीं चाहते
अहम् और नफरत से जीते
बदजुबानी करते
खुद फितरत नहीं बदलते  
सोचते
खुदा को क्या पता चलेगा?
वो क्या क्या करते हैं ?
क्यूं नहीं सोचते  ?
खुदा अंधा,बहरा होता तो
कैसे उनकी सुनेगा ?
कैसे उन्हें देगा ?
अगर उनकी हरकतों का
ख्याल नहीं रखेगा तो
खुदा को कौन पूछेगा?
17-06-2011
1059-86-06-11

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